नई दिल्ली । केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय समिति (एचएलसी) ने उन 8 राज्यों को राष्ट्रीय आपदा राहत कोष (एनडीआरएफ) के तहत अतिरिक्त केंद्रीय सहायता देने को मंजूरी दी है, जो वर्ष 2019 के दौरान बाढ़/भूस्खलन/चक्रवाती तूफान/सूखे से बुरी तरह प्रभावित हुए थे। एचएलसी ने राष्ट्रीय आपदा राहत कोष (एनडीआरएफ) से 8 राज्यों को 5751.27 करोड़ रुपये की अतिरिक्त केंद्रीय सहायता देने को मंजूरी दी है। हालांकि, इसके तहत वित्त वर्ष की 1 अप्रैल को एसडीआरएफ खाते में उपलब्ध शेष राशि के 50% का समायोजन करना होगा। 
- इन 8 राज्‍यों को मिलेगी केंद्रीय सहायता 
बिहार को 953.17 करोड़ रु (इनमें से 400 करोड़ रु पहले ही ‘खाता आधार पर’ जारी किए जा चुके हैं), केरल को 460.77 करोड़ रु, नगालैंड को 177.37 करोड़ रु, ओडिशा को 179.64 करोड़ रु, महाराष्ट्र को 1758.18 करोड़ रु, राजस्थान को 1119.98 करोड़ रु एवं पश्चिम बंगाल को 1090.68 करोड़ रु दिए जाएंगे इन राज्‍यों को यह धनराशि वर्ष 2019 के दौरान आई बाढ़/भूस्खलन/चक्रवाती तूफान, सूखा (खरीफ) के लिए दी जाएगी। कर्नाटक को 2018-19 के सूखे (रबी) के लिए पशुपालन क्षेत्र के तहत 11.48 करोड़ रु की अतिरिक्त सहायता दी जाएगी। वर्ष 2019-20 के दौरान अब तक केंद्र सरकार पहले ही 29 राज्यों को 10937.62 करोड़ रु केंद्रीय हिस्से के रूप में राज्य आपदा राहत कोष (एसडीआरएफ) से जारी कर चुकी है और एनडीआरएफ के तहत 8 राज्यों को 14,108.58 करोड़ रु की अतिरिक्‍त सहायता जारी की है।