मारिब । यमन के प्रमुख शहर मारिब पर कब्जे के लिए आगे बढ़ रहे हूती विद्रोहियों और अरब नेतृत्व वाले गठबंधन के बीच भीषण लड़ाई में कम से कम 50 लोग मार गए हैं। सैन्य सूत्रों ने इसकी जानकारी दी। बीते 48 घंटों में 43 हूती लड़ाके मारे जा चुके हैं।इनमें ज्यादातर गठबंधन के हवाई हमलों में मारे गए हैं। वहीं कम से कम सात सैनिकों की भी मौत हुई है। इस महीने मारिब में संघर्ष के दौरान करीब 400 लोग मार जा चुके हैं। मारिब के पश्चिम में सुरक्षा को भेदने में नाकाम रहने के बाद हूतियों ने शबवा और अल-बायदा के साथ प्रांत की दक्षिणी सीमाओं में नए मोर्चे खोल दिए। विद्रोहियों ने अल-अबेदिया, बेहान और ओसेलन में सैनिकों पर हमला कर दिया। हमलों के बाद सेना ने इन इलाकों में नए सैनिक और सैन्य उपकरण भेज दिए है। स्थानीय जनजातियों ने भी हूतियों के खिलाफ हथियार उठा लिए हैं।
हूती मिलिशिया ने सरकारी सैनिकों के साथ भीषण लड़ाई के बाद मारिब प्रांत में नए क्षेत्रों पर कब्जा कर लिया है। हूती मिलिशिया ने हरीब जिले से आगे बढ़कर मला पहाड़ी की चोटी, ओम रीश की आसन्न घाटी और क्षेत्र में मुख्य राजमार्ग का हिस्सा कब्जा कर लिया, जो अल-जुबा जिले और प्रांत की राजधानी मारिब शहर की ओर जाता है। मिलिशिया हमले को नाकाम करने की कोशिश में दर्जनों सैनिक मारे गए और घायल हो गए। हूती समूह ने अभी तक कोई टिप्पणी नहीं की है। पिछले हफ्ते हरीब जिले पर कब्जा करने के साथ, हूती समूह अब प्रांत के 14 में से 10 जिलों को नियंत्रित करता है। ईरान समर्थित हूती मिलिशिया ने फरवरी में तेल-समृद्ध प्रांत, सऊदी समर्थित यमनी सरकार के अंतिम उत्तरी गढ़, पर नियंत्रण करने के प्रयास में मारिब पर एक बड़ा आक्रमण शुरू किया था।