राष्ट्रीय कृषि विकास योजना से बदली किसान की किस्मत
रायपुर : इस परियोजना का मुख्य उददेश्य मृदा एवं जल संरक्षण के साथ-साथ किसानों को एक ही इकाई से अत्यधिक लाभ दिलवाना है। जल सम्भरण टैंकों का उपयोग सिंचाई के साथ.साथ मत्स्य पालन तथा मुर्गीपालन इकाईयों को बढ़ावा देने में होता है, जिससे किसानों के लिए अतिरिक्त आय का स्त्रोत सृजित होता है। उद्यानिकी विभाग एवं राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के सहयोग से जांजगीर जिला के विकासखण्ड जैजैपुर अंतर्गत ग्राम करौवाडीह निवासी किसान दादू राम मनहर ने पारंपरिक खेती से आगे बढ़ते हुए सब्जी उत्पादन को अपनाकर उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है। उनकी यह उपलब्धि क्षेत्र के अन्य किसानों के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है।
पारंपरिक धान खेती से हो रही थी आर्थिक कठिनाई
वर्षों से धान की पारंपरिक खेती पर निर्भर मनहर को बढ़ती लागत और अपेक्षाकृत कम लाभ के कारण आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों द्वारा उन्हें उन्नत सब्जी उत्पादन तकनीकों एवं शासन की योजनाओं की जानकारी दी गई।
उन्नत तकनीक से बैंगन की खेती की शुरुआत
उद्यानिकी विभाग के मार्गदर्शन से प्रेरित होकर मनहर ने 0.400 हेक्टेयर क्षेत्र में मल्चिंग तकनीक के माध्यम से उन्नत बैंगन की खेती प्रारंभ की। इस हेतु उन्हें विभाग द्वारा 10 हजार की अनुदान सहायता भी प्रदान की गई। वैज्ञानिक पद्धतियों के उपयोग से मात्र दो माह में फसल की पैदावार प्रारंभ हो गई।
बेहतर उत्पादन और शानदार आय
मनहर को बैंगन की खेती से कुल 90 क्विंटल उत्पादन प्राप्त हुआ, जिससे उन्हें 2 लाख 85 हजार की कुल आय हुई। इस खेती में 1 लाख 25 हजार की लागत आई, लागत घटाने के बाद उन्हें 1 लाख 60 हजार का शुद्ध लाभ प्राप्त हुआ। फसल की गुणवत्ता इतनी उत्कृष्ट रही कि स्थानीय बाजार के साथ-साथ ओडिशा के व्यापारी भी उपज खरीदने पहुँचे।
फसल विविधीकरण से आय में निरंतर वृद्धि
अप्रैल से सितंबर तक बैंगन की निरंतर पैदावार के बाद अक्टूबर माह में मनहर ने लौकी की खेती की, जिससे उनकी आय और सुदृढ़ हुई। इसके पश्चात खीरा की फसल लगाकर उन्होंने फसल विविधीकरण करते हुए आय के नए स्रोत भी विकसित किए।
उद्यानिकी विभाग और शासन योजनाओं का मिला लाभ
आज दादू राम मनहर सब्जी उत्पादन को स्थायी और लाभकारी आय का माध्यम बना चुके हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय उद्यानिकी विभाग एवं शासन की योजनाओं को देते हुए कहा कि इन प्रयासों से वे आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बन सके हैं।

जालंधर में कल 6 घंटे बिजली कटौती, कई इलाकों में सप्लाई रहेगी बंद
बंगाल में बीजेपी की संभावना: क्या दोहराएगी 2021 की सफलता?
महतारी वंदन योजना: e-KYC जरूरी, बिना इसके नहीं मिलेगी राशि
Manasa में नारकोटिक्स ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई, अफीम के साथ तस्कर गिरफ्तार
राशन कार्ड e-KYC जरूरी, घर बैठे फोन से करें प्रक्रिया
रायपुर के काजी आरिफ अली को वक्फ बोर्ड ने किया बर्खास्त
सिंधिया बोले- मुंगावली से है पारिवारिक रिश्ता, आवास देने से पहले लिया वादा